अग्निकुल कॉसमॉस ने अग्निबाण सब-ऑर्बिटल रॉकेट को सफलतापूर्वक लॉन्च किया
- अग्निकुल कॉसमॉस ने अग्निबाण सब-ऑर्बिटल रॉकेट को सफलतापूर्वक लॉन्च किया।
- आईआईटी-मद्रास इनक्यूबेटेड स्पेस स्टार्ट-अप, अग्निकुल कॉसमॉस, ने सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र में अपने निजी लॉन्चपैड से अग्निबाण रॉकेट के सफल प्रक्षेपण के साथ इतिहास रच दिया।
- पिछले कुछ महीनों में चार असफल प्रयासों के बाद इसे सफलतापूर्वक लॉन्च किया गया है।
- अग्निबाण सब-ऑर्बिटल टेक्नोलॉजी डेमोंस्ट्रेटर (एसओआरटीईडी) अग्निलेट इंजन द्वारा संचालित एक सिंगल-स्टेज लॉन्च वाहन है।
- अग्निलेट इंजन दुनिया का पहला सिंगल-पीस 3डी-प्रिंटेड सेमी-क्रायोजेनिक रॉकेट इंजन है।
- यह लगभग 700 किलोमीटर की कक्षा में 300 किलोग्राम तक का पेलोड ले जा सकता है।
- रॉकेट में तरल और गैस प्रणोदकों के मिश्रण वाले अर्ध-क्रायोजेनिक इंजन का प्रयोग किया गया। इस तकनीक का उपयोग भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा अपने किसी भी रॉकेट में नहीं किया जाता है।
- अग्निकुल कॉसमॉस की स्थापना 2017 में श्रीनाथ रविचंद्रन और मोइन एसपीएम ने आईआईटी-मद्रास के फैकल्टी सत्यनारायण आर चक्रवर्ती के साथ मिलकर की थी।
- दिसंबर 2020 में इसरो के साथ समझौता करने वाली यह पहली भारतीय कंपनी है।